दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने एक बार फिर केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर हमला बोला। मंगलवार को केजरीवाल ने कहा कि भाजपा नीत केंद्र सरकार अपनी घोर तानाशाही प्रवृत्ति के कारण सब कुछ नियंत्रित करना चाहती है।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में डीजल कार मालिकों को झटका देते हुए राष्ट्रीय हरित न्यायाधीकरण (एनजीटी) ने दिल्ली के क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय को निर्देश दिया कि दस वर्ष से ज्यादा पुराने वाहनों का पंजीकरण तुरंत प्रभाव से खत्म किया जाए।
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मोदी सरकार पर केंद्र और दिल्ली के बीच के संबंध को भारत-पाकिस्तान जैसे हालात में पहुंचाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि अगर रूकावटें पैदा नहीं की गई होतीं तो उनकी सरकार ने दिल्ली में जितनी उपलब्धियां हासिल की हैं उससे चार गुना ज्यादा उपलब्धियां होतीं।
उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनावों को कांग्रेस ने अपनी तरफ से भी बहुत रोचक बना दिया है। अपनी रिवायत तोड़ते हुए उन्होंने दिल्ली की तीन बार मुख्यमंत्री रह चुकीं शीला दीक्षित को उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार घोषित किया। उत्तर प्रदेश की बहू के रूप में शीला दीक्षित को पेश करके कांग्रेस ने एक साथ कई कार्ड खेलने की कोशिश कर रही है-ब्राहमण कार्ड, महिला कार्ड, सुशासन कार्ड और वरिष्ठता कार्ड।
भाजपा से निलंबित सांसद कीर्ति आजाद ने दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ डीडीसीए घोटाले पर केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली पर जमकर निशाना साधा है। आजाद ने कहा कि 'दिल्ली हाई कोर्ट और मुद्गल कमेटी ने वही सब कहा जो मैंने डीडीसीए पर आरोप लगाया था। अब क्यों नहीं वित्त मंत्री अरुण जेटली को तिहाड़ जेल के अंदर होना चाहिए'।
यौन उत्पीड़न के एक मामले में आरोपी टेरी के पूर्व प्रमुख आर के पचौरी को दिल्ली की एक अदालत ने जमानत देते हुए एक बार फिर उन्हें विदेश जाने की अनुमति दे दी।
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के प्रधान सचिव राजेंद्र कुमार को सोमवार को सीबीआर्इ ने गिरफ्तार कर लिया है। राजेंद्र कुमार पर बिना नीलामी के 50 करोड़ के ठेके देने का आरोप था।
भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए शिवसेना ने आरोप लगाया कि उसके वरिष्ठ सहयोगी दल की राजनीति झूठ और अफवाहें फैलाने की है। साथ ही शिवसेना ने आरोप लगाया कि भाजपा दिल्ली से लेकर महाराष्ट्र तक सच बोलने वालों की आवाज दबाने की कोशिश कर रही है।
दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के खिलाफ एक शिकायत दर्ज किए जाने के बाद सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी के 52 विधायकों ने आत्मसमर्पण के लिए रविवार को प्रधानमंत्री आवास की ओर मार्च किया। मार्च करने वाले विधायकों में दिल्ली सरकार के छह मंत्री भी थे जिन्हें अन्य विधायकों के साथ प्रधानमंत्री आवास के आसपास उच्च सुरक्षा वाले क्षेत्र में लागू निषेधाज्ञा को तोड़ने के मामले में हिरासत में लिया गया। हालांकि 4 घंटे बाद पुलिस ने सभी विधायकों को छोड़ दिया।