अभिव्यक्ति के आजादी के दिन हैं। जिसकी चाहे शिकायत कीजिए, जिसे चाहे अदालत में घसीटिए। इसी वाक्य में यकीन रखते हुए दिल्ली के एक वकील ने अमिताभ बच्चन के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कला, संस्कृति, सिनेमा और खेल समेत विभिन्न क्षेत्रों के उत्कृष्ट योगदान करने वाले 46 लोगों को यश भारती पुरस्कार से सम्मानित किया और कहा कि उनकी सरकार ने खत्म किए गए तमाम पुरस्कारों को प्रेरणास्रोत बनाए रखने के लिए बहाल किया है।
मशहूर अभिनेता मनोज कुमार को साल 2015 का दादासाहेब फाल्के अवार्ड दिया जाएगा। अपनी विशिष्ट अभिनय शैली और देशभक्ति की भावना से भरी फिल्मों के लिए मनोज कुमार लाखों भारतीय दिलों पर राज करते हैं।
पांच नामांकनों और 23 साल बाद लियोनार्ड डीकैप्रियो ने आखिरकार ऑस्कर का खालीपन तोड़ते हुए द रेवेनैंट में भूमिका के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार अपने नाम कर लिया।
फिल्मफेयर अवॉर्ड का बेसब्री से इंतजार रहता है। कार्यक्रम के होस्ट शाहरूख की चुटीली बातें और शानदार स्टाइल पर उतनी ही नजर रहती है, जितनी अवॉर्ड विजेताओं पर।
महिला शिक्षा और सशक्तीकरण का बीड़ा उठा रहीं महिला हस्तियों की दिलचस्प और अनुकरणीय पहल, जो कारोबार, खेल और बैंकिंग क्षेत्रों में कामयाबी की बुलंदी छू रही हैं
शोले का ठाकुर अपना बदला लेने के लिए जय-वीरू नाम के दो बदमाशों को खोजता है। वजीर का ओमकार नाथ धर अपना बदला लेने के लिए पुलिस का ही एक स्पेंड अधिकारी खोज लेता है।
गीत, कविता, कहानियां, गजल, निबंध हर विधा में रामदरश मिश्र ने अपनी कलम चलाई है। वह नामी साहित्यकार से पहले संवेदनशील, उदार, स्नेहशील, सहज और सहृदयी व्यक्तित्व के स्वामी हैं। सन 2015 का साहित्य अकादमी पुरस्कार उनकी पुस्तक आग की हंसी के लिए देने की घोषणा हुई है। इस मौके पर साहित्य अकादमी, दिल्ली, के सभागार रामदरश मिश्र जी ‘लेखक से मिलिए’ कार्यक्रम में अपने पाठकों, प्रशंसकों से रूबरू हुए।
बॉलीवुड का सबसे प्रतिष्ठित अवॉर्ड फिल्मफेयर के प्रति हमेशा से अलग तरह की चाहत रही है। फिल्मफेयर के 61 साल के इतिहास में पहली बार साधारण दर्शक इसका हिस्सा बन पाएंगे।