भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाली राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार स्तर की बातचीत के टलने के आसार लग रहे हैं क्योंकि दोनों ही पक्ष कश्मीर के अलगाववादी नेताओं के मुद्दे पर उलझ गए हैं। भारत के सुझाव को दरकिनार करते हुए पाकिस्तान हुर्रियत नेताओं से मुलाकात पर अड़ा है।
श्रीलंकाई जांचकर्ताओं ने कब्र खोद कर मशहूर रग्बी खिलाड़ी का शव निकाला है ताकि उसका फॉरेंसिक परीक्षण किया जा सके। जांचकर्ताओं ने यह कदम इन आरोपों के बीच उठाया गया है कि अधिकारियों ने पूर्व राष्ट्रपति महिंदा राजपक्षे के शासनकाल में उनके बेटे को बचाने के लिए जांच बंद कर दी थी। पुलिस के प्रवक्ता रूवान गुनाशेखरा ने कहा कि रग्बी खिलाड़ी वसीम थाजुद्दीन के शव को दोबारा जांच के लिए कोलंबो के देहीवेला उपनगर में कब्र खोदकर निकाला गया।
लुईस बर्जर रिश्वत मामले में गिरफ्तारी की आशंका के चलते गोवा के पूर्व मुख्यमंत्री दिगंबर कामत ने स्थानीय अदालत में अग्रिम जमानत के लिए आवेदन दिया है। इस मामले में अपराध शाखा कामत से दो बार पूछताछ कर चुकी है।
भारत में मानसून वस्तव में आनंद की गाथा है, चिलचिलाती गर्मी से राहत का एहसास है और सही मायनों में सौंदर्य का प्रतीक। हम कुछ ऐसी जगहों के बारे में बता रहे हैं जहां धरती पर टिप-टिप गिरती बूंदों का आनंद उठाया जा सकता है और बारिश से गीली मिट्टी की सुगंध ली जा सकती है।
राजस्थान उच्च न्यायालय ने मंगलवार को अभिनेता सलमान खान की एक याचिका को मंजूर कर बॉलीवुड के दबंग को थोड़ी राहत दी है। इस याचिका में खान ने गवाहों के पुनर्परीक्षण किए जाने की इजाजत मांगी थी।
यह कोई लंबे चाकुओं वाली रात (नाईट ऑफ लॉन्ग नाईव्ज) नहीं थी। इस बार यह सबको पता था। यूनान के यूरोजोन से बाहर हो जाने को रोकने के लिए एक समाधान निकाल लिया जाएगा, यह और कुछ नहीं सिर्फ एक भोली भाली सोच थी। जैसे ही यूनान के अनियत मार्क्सवादी वित्त मंत्री यानिस वारूफकिस ने अपना पद छोड़ा तो स्टॉक बाजार और मुद्रा विनीमय केंद्र को समझ में ही नहीं आया कि कैसी प्रतिक्रिया दें, राहत मिलने की या घबराहट या गुस्से और खुशी वाली कि सबसे बुरा दौर खत्म हो गया है।
यूनान की जनता ने अंतरराष्ट्रीय अार्थिक मदद (बेलआउट पैकेज) की शर्तों को जनमत संग्रह में जोरदार तरीके से ठुकरा दिया है। इसके साथ ही यूनान और यूरोप की साझा मुद्रा के भविष्य को लेकर अनिश्चितता बढ़ गई है। बेलआउट पैकेज के बदले खर्चों में कटौती की शर्तों को यूनान के 61 फीसदी लोगों ने 'ना' पर मुहर लगाकर नकार दिया। इस फैसले के बाद यूनान के यूरोजोन से बाहर होने की आशंका बढ़ गई है। बेलआउट पैकेज की शर्तों के खारिज होने का सीधा मतलब है कि आईएमएफ और यूरोपीय संघ से कर्ज के लिए चल रही यूनान की वार्ता को झटका लगेगा।