एक ट्विटर यूजर ने पीएम मोदी पर कटाक्ष करते हुए लिखा, “भारत को एशिया के सबसे भ्रष्ट देशों की सूची में पहला स्थान दिलाने वाले पहले प्रधानमंत्री बने मोदी।
कांग्रेस प्रवक्ता मनीष तिवारी का कहना है कि सृजन मामले में कानूनी लड़ाई समेत सभी विकल्प खुले हैं। उनका कहना है कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सीबीआई जांच के आदेश का कोई मतलब नहीं है।
अमरेकिन बिजनस पत्रिका फोर्ब्स ने दुनिया के 100 सबसे ज्यादा कमाई करने वाले स्टार्स की लिस्ट जारी की है। इस लिस्ट में तीन भारतीय अभिनेता शाहरुख खान, सलमान खान और अक्षय कुमार का नाम शामिल है।
अंग्रेजो के समय कितनी संपत्ति लीज गई थी और उनका क्या स्टेट्स है। इस बात की कोई सूची डीडीए व अन्य किसी भूमि प्रबंधन निकाय पर नहीं है। यह खुलासा केंद्रीय सूचना आयोग (सीआईसी) में सुनवाई के दौरान हुआ। आयोग ने भू-प्रबंधन से जुड़े निकायों को राजधानी की लीज संपत्तियों की संकलित सूची तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
भारतीय क्रिकेट कप्तान विराट कोहली ने इंटरनैशनल बिजनस मैगजिन फोर्ब्स में सर्वाधिक कमाई करने वाले 100 खिलाड़ियों की सूची में अपनी जगह बना ली है। इस सूची में जगह बनाने वाले कोहली एकमात्र भारतीय खिलाड़ी हैं। इस लिस्ट में फुटबाल स्टार क्रिस्टियानो रोनाल्डो टॉप पर हैं।
कश्मीर के बांदीपुरा में सीआरपीएफ कैंप पर हमला करने वाले चार आतंकियों को ढेर कर जवानों द्वारा हमला नाकामयाब करने के बाद श्रीनगर में आतंकी हमले की आशंका जताते हुए हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। सेना, सीआरपीएफ और पुलिस को अलर्ट करके चप्पे-चप्पे पर निगरानी बढ़ा दी गई है। सेना की टुकड़ी ने हैदरपुरा में श्रीनगर शहर को एयरपोर्ट से जोड़ने वाले हाईवे पर सतर्कता बढ़ा दी है।
उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में दो पक्षों के बीच हुई झड़प के बाद शहर की हालत संवेदनशील बनी हुई है। शहर में पत्थरबाजी और फायरिंग की घटनाएं हो चुकी हैं। अब स्थिति को काबू में करने के लिए पुलिस को कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है। पुलिस द्वारा हालात को नियंत्रित करने और कड़ी नजर रखने के लिए ड्रोन कैमरों की मदद ली जा रही है।
देश में स्वास्थ्य सुविधाओं के नाम पर मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। हाल ये है कि दुनिया में स्वास्थ्य सेवाओं के मामलों में भारत का 154 वां स्थान है। 195 देशों की सूची में भारत की ऐसी स्थिति संकेत कर रही है कि स्वास्थ्य क्षेत्र में अभी काफी कुछ किए जाने की जरूरत है।
केंद्र सरकार ने 2017 में किए गए सर्वे के बाद स्वच्छ शहरों की सूची पेश की है उसमें कुछ शहरों को निचले पायदान पर रखा गया है। वहीं कुछ शहरों को एक-दो सालों के अंतराल में ही शीर्ष स्थान में शामिल किया गया है। सरकार के मापदंडों के आधार पर शहरों का क्रम विकास के पैमाने को अवश्य परिभाषित कर रहा है लेकिन कुछ खास शहरों का पीछे रह जाना कुछ सवाल भी पैदा कर रहा है।