पेरिस में चल रहे जलवायु सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2030 तक भारत के कार्बन उत्सर्जन स्तर में 2005 के मुकाबले 33-35 फीसदी कटौती का ऐलान किया है। साथ ही उन्होंने जलवायु परिवर्तन से निपटने में किसी तरह की एकतरफा कारवाई से दुनिया आगाह करते हुए विकसित देशों को उनकी जिम्मेदारी याद दिलाई है।
टाइम पत्रिका द्वारा दुनिया के सबसे प्रभावशाली लोगों के चयन के लिए जारी मतदान में अभी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आठवें स्थान पर चल रहे हैं और दस सबसे प्रभावशाली व्यक्तित्व में नोबेल पुरस्कार विजेता मलाला यूसुफजई और पोप फ्रांसिस क्रमशः दूसरे और तीसरे स्थान पर चल रहे हैं।
डा0 राम मनोहर लोहिया ने कभी नारा दिया था कि संयुक्त सोशलिस्ट पार्टी ने बांधी गांठ, सौ में पाएं पिछड़े साठ, कुछ इसी ही अंदाज में समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव भी उत्तर प्रदेश में नारा दे रहे हैं। मुलायम का कहना है कि पिछड़ों की आबादी 54 प्रतिशत है लेकिन देश पर 8 प्रतिशत वालों का राज है। मुलायम का यह वक्तव्य प्रदेश में साल 2017 के विधानसभा चुनाव के लिए तैयार की जा रही जमीन को लेकर है।
पहले भी कई मौकों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ कर अपनी पार्टी कांग्रेस को असहज स्थिति में डाल चुके पूर्व केंद्रीय मंत्री शशि थरूर ने आज संसद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ कर डाली। उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव प्रचार के दौरान पटना में उनकी एक रैली में बम फटने पर उन्होंने बड़ी सूझ-बूझ का परिचय दिया और भगदड़ मचने जैसी बड़ी घटना होने से बचा लिया गया।
स्मार्ट सिटी से जुड़ी योजनाओं को तैयार करने में अपने योगदान के प्रति देश के नागरिकों ने काफी उत्साह दिखाया है। शहरी क्षेत्रों के 15 लाख से भी ज्यादा नागरिकों ने ‘MyGov.in’ (मेरी सरकार) का इस्तेमाल करते हुए अपने विचारों एवं सुझावों को पेश करके इस कार्य में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
राहुल गांधी ने असहिष्णुता के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए पिछले दिनों विदेश राज्य मंत्री वी के सिंह के दिए एक बयान का जिक्र किया। राहुल ने कहा, सरकार के एक मंत्री दलितों की तुलना कुत्ते से करते हैं और प्रधानमंत्री मोदी उन्हें अपनी सरकार में मंत्री बनाए रखते हैं।
पाकिस्तानी मीडिया ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनके पाकिस्तानी समकक्ष नवाज शरीफ के बीच पेरिस में हुई संक्षिप्त मुलाकात पर सकारात्मक प्रतिक्रिया देते हुए इसे रिश्तों में आए दुराव को खत्म करने वाला बताया है जिससे तनाव को कम करने में मदद मिलेगी।
असहिष्णुता को लेकर छिड़ी बहस के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अत्याचार की किसी भी घटना को समाज के लिए कलंक बताते हुए आज कहा कि देश के 125 करोड़ लोगों में से किसी की भी देशभक्ति पर प्रश्न नहीं उठाया जा सकता है और न ही किसी को हर समय अपनी देशभक्ति का सबूत देने की आवश्यकता है।