Advertisement

Search Result : "आलोक कुमार"

पुख्ता सुरक्षा में होगी कन्हैया की जमानत पर दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई

पुख्ता सुरक्षा में होगी कन्हैया की जमानत पर दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई

राजद्रोह के आरोप में गिरफ्तार जेएनयू छात्र संघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार ने जमानत की मांग को लेकर आज दिल्ली उच्च न्यायालय में याचिका दायर की। पिछल दिनों पटियाला हाउस कोर्ट में कन्हैया की पेशी के दौरान हुई मारपीट की घटना को देखते हुए हाईकोर्ट परिसर की सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
चर्चा : कानून के पहरेदारों की आचार संहिता। आलोक मेहता

चर्चा : कानून के पहरेदारों की आचार संहिता। आलोक मेहता

राजनेता हों या अधिकारी, कारपोरेट किंग पूंजीपति या मजदूर – अदालत और अस्पताल पहंुचते ही कांपने लगते हैं। अपराध छोटा हो या बड़ा – कानून का शिकंजा खतरनाक साबित हो सकता है। इसी तरह हाथ या पैर की ऊंगली का नाखून ही निकला हो अथवा हृदय रोग – सर्जन के चमकते चाकू से निकलने वाला नतीजा जिंदगी दे या ले सकता है।
भारत-पाकिस्तान की रिदम

भारत-पाकिस्तान की रिदम

देश में चाहे जितना भी गदर मचा हो मगर कला की दुनिया कभी सरहद नहीं मानती। नई फिल्म रिदम के प्रमोशन के लिए पाकिस्तान के कलाकार भारत आए हैं और उन्हें यह देश भी अपने घर की तरह ही लगता है।
कन्हैया ने सुप्रीम कोर्ट में दी जमानत अर्जी, कल होगी सुनवाई

कन्हैया ने सुप्रीम कोर्ट में दी जमानत अर्जी, कल होगी सुनवाई

देशद्रोह के आरोप में गिरफ्तार जेएनयू छात्र संघ के अध्यक्ष कन्हैया कुमार की ओर से जमानत के लिए उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर की गई है। न्यायालय इस याचिका पर शुक्रवार को सुनवाई करेगी। वहीं इस बीच प्रकरण में यह बात निकलकर सामने आई है कि कन्हैया पर देशद्रोह का मामला एक टीवी चैनल पर प्रसारित एक विडियो क्लिप के आधार पर दर्ज किया गया था।
चर्चाः सरकार को प्रतीक्षा हत्या की | आलोक मेहता

चर्चाः सरकार को प्रतीक्षा हत्या की | आलोक मेहता

‘अदालत परिसर में मारपीट के दौरान क्या किसी की हत्या हुई है ?’ यह उत्सुकता या व्यंग्य भरा सवाल नहीं है। दिल्ली की एक अदालत में पत्रकारों के साथ वकीलों के भेष में घुसे तत्वों द्वारा मारपीट और बाहर एक भाजपा विधायक द्वारा हाथ में बंदूक होने पर गोली मार देने के अहंकारी दावे के बाद देश के गृह राज्यमंत्री द्वारा की गई टिप्पणी है।
कन्हैया की पेशी में सुरक्षा बढ़ाएं - सुप्रीम कोर्ट

कन्हैया की पेशी में सुरक्षा बढ़ाएं - सुप्रीम कोर्ट

जेएनयू राष्ट्रविरोधी नारेबाजी मामले में आरोपी जेएनयू छात्र संघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार की सोमवार को कोर्ट में हुई पेशी के दौरान कुछ वकीलों और अन्य द्वारा जेएनयू छात्रों और शिक्षकों के साथ ही पत्रकारों पिटाई के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बुधवार को अंतरिम आदेश जारी किया। सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली पुलिस और कोर्ट प्रशासन को कन्हैया की पेशी के दौरान सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करने को कहा है। साथ ही अदालत ने पेशी के दौरान कोर्ट रुम में वकीलों, पत्रकारों और अन्य के प्रवेश को भी सीमित कर दिया है।
देशद्रोह मामला: कन्हैया की रिहाई के लिए आगे आए बिहारी बाबू

देशद्रोह मामला: कन्हैया की रिहाई के लिए आगे आए बिहारी बाबू

अक्सर पार्टी के रूख से भिन्न मत रखने वाले भाजपा नेता शत्रुघ्न सिन्हा ने देशद्रोह के आरोप में गिरफ्तार जेएनयू छात्र संघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार का समर्थन किया और उसकी जल्द रिहाई का आह्वान किया।
अदालत में कन्हैया पर हमला, सुप्रीम कोर्ट सख्त, भेजी टीम

अदालत में कन्हैया पर हमला, सुप्रीम कोर्ट सख्त, भेजी टीम

जेएनयू में कथित देशविरोधी नारेबाजी के लिए देशद्रोह के आरोप में गिरफ्तार कन्हैया कुमार पर आज पटियाला हाउस कोर्ट में पेशी के दौरान हमला हुआ। बताया जा रहा है कि यह हमला वकीलों के एक समूह ने तब किया जब वहां भारी संख्या में पुलिस बल मौजूद था। कुछ वकीलों द्वारा इस घटना की सूचना सुप्रीम कोर्ट को दिए जाने पर उच्चतम न्यायालय ने वकीलों के एक दल को पटियाला हाउस कोर्ट के हालात का जायजा लेने भेजा।
कन्हैया को लेकर सभी छात्र संगठन लामबंद, आंदोलन की तैयारी

कन्हैया को लेकर सभी छात्र संगठन लामबंद, आंदोलन की तैयारी

केंद्रीय जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के छात्र संघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार की रिहाई के लिए देश भर के छात्र संगठन लामबंद हो गए हैं। आज वामपंथी दलों के छात्र संगठनों के अलावा नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (एनएसयूआई, कांग्रेस का छात्रसंगठन), जदयू, आरजेडी और स्टूडेंट्स फ्रंट फॉर स्वराज जैसे छात्र संगठन एक मंच पर आए। इनके नेताओं ने ऐलान किया कि कन्हैया को बिना शर्त रिहा किया जाए अन्यथा सरकार देशव्यापी छात्र आंदोलन के लिए तैयार रहे।
डीयू पहुंची जेएनयू की लहर, प्रदर्शन के दौरान झड़प

डीयू पहुंची जेएनयू की लहर, प्रदर्शन के दौरान झड़प

दिल्ली विश्वविद्यालय आज छात्र संगठन अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ताओं और जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय में अपने समकक्ष छात्रों का समर्थन कर रहे छात्रों के एक समूह के बीच झड़प का गवाह बना। यह समूह देशद्रोह के मामले में जेएनयूएसयू अध्यक्ष कन्हैया कुमार की गिरफ्तारी के विरोध में आंदोलन कर रहा था।
Advertisement
Advertisement
Advertisement