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चुनाव समाप्त होने के बाद भी हिंसा रोकने में ममता सरकार पूरी तरह विफलः गृह मंत्रालय

आउटलुक टीम - JUN 09 , 2019
चुनाव समाप्त होने के बाद भी हिंसा रोकने में ममता सरकार पूरी तरह विफलः गृह मंत्रालय
पश्चिम बंगाल: झंडा हटाने के विवाद में चली गोली, भाजपा के 2 और टीएमसी के एक कार्यकर्ता की मौत
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आउटलुक टीम

पश्चिम बंगाल में लोकसभा चुनाव के दौरान शुरू हुई हिंसा का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। केंद्र सरकार ने इस पर गहरी चिंता जताते हुए कहा है कि हिंसा रोकने में राज्य सरकार पूरी तरह विफल रही है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने पश्चिम बंगाल सरकार को परामर्श जारी करते हुए कहा कि वह कानून व्यवस्था और शांति सुनिश्चित करे। उत्तर 24 परगना जिले में शनिवार शाम को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) कार्यकर्ताओं के बीच झड़प में गोलियां चलीं। पुलिस के मुताबिक, घटना में दो भाजपा कार्यकर्ताओं और टीएमसी के एक कार्यकर्ता की मौत हो गई है। तीन लोग जख्मी हुए हैं। हालांकि भाजपा नेता मुकुल रॉय ने दावा किया है भाजपा के चार कार्यकर्ताओं की मौत हुई है और उन्होंने गृह मंत्री अमित शाह को इसकी सूचना दी है। मौके पर भारी संख्या में रैपिड एक्शन फोर्स तैनात है।

राज्य सरकार को कड़े निर्देश

गृह मंत्रालय ने राज्य सरकार को कड़े निर्देश दिए हैं कि वह किसी भी हालत में शांति और कानून व्यवस्था सुनिश्चित करे। पिछले कई हफ्तों से लगातार हिंसा होने से प्रतीत होता है कि कानून व्यवस्था के जिम्मेदारी मशीनरी विफल हो गई है। गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि केंद्र सरकार ने आम चुनाव के बाद भी हिंसा जारी रहने पर गहरी चिंता जाहिर की है।

इससे पहले भाजपा महासचिव और बंगाल प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय ने कहा था कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने राज्य सरकार से इस बारे में रिपोर्ट मांगी है। इस घटना को लेकर लोगों में काफी गुस्सा है।'

झंडे को लेकर हुआ विवाद

भाजपा के प्रदेश महासचिव सायंतन बसु ने कहा है कि संदेशखली इलाके में टीएमसी के कार्यकर्ताओं ने भाजपा के झंडे हटाए। जब भाजपा नेता उन्हें रोकने के लिए गए तो तृणमूल के लोगों ने गोलियां चलाईं।

दो और भाजपा कार्यकर्ताओं की मौत का दावा

सायंतन ने दावा किया है कि हिंसा में दो और कार्यकर्ताओं की मौत हुई, लेकिन अभी तक उनके शव बरामद नहीं हुए। वहीं, वरिष्ठ भाजपा नेता मुकुल रॉय ने कहा कि इस मामले की जानकारी गृह मंत्री अमित शाह को दी गई है। उन्हें बताया गया है कि मामले में तृणमूल ही पूरी तरह से जिम्मेदार है। तृणमूल ने ही बंगाल में भाजपा कार्यकर्ताओं के खिलाफ हिंसा छेड़ी हुई है।

तृणमूल ने तीन कार्यकर्ताओं की हत्या का किया दावा

तृणमूल ने भी तीन कार्यकर्ता की हत्या का दावा किया है। पार्टी के राज्य मंत्री ज्योतिप्रियो मलिक ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने अपहरण के बाद तृणमूल समर्थक कयूम मुल्ला की गोली मारकर हत्या कर दी। वारदात के वक्त कयूम तृणमूल की बैठक में हिस्सा लेने के लिए जा रहे थे।  

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