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बिहार के सीतामढ़ी में कोरोना संदिग्ध मरीज की सूचना देने पर युवक को पीट-पीटकर मार डाला

कोरोना वायरस से बचाव के लिए किए गए 21 दिन के लॉकडाउन के बीच एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। मामला...
बिहार के सीतामढ़ी में कोरोना संदिग्ध मरीज की सूचना देने पर युवक को पीट-पीटकर मार डाला

कोरोना वायरस से बचाव के लिए किए गए 21 दिन के लॉकडाउन के बीच एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। मामला बिहार के सीतामढ़ी जिले का है, जहां कोरोना वायरस के एक संदिग्ध के बारे में प्रशासन को जानकारी देने वाले युवक को अपनी जान गंवानी पड़ी। जिले के रुन्नीसैदपुर थाना के मधौल गांव में प्रशासन को सूचना देने के कारण एक युवक की पीट- पीटकर हत्या कर दी गई। बताया जा रहा है कि युवक की हत्या करने वाले उससे इसलिए नाराज थे, क्योंकि उसने कोरोना वायरस से संक्रमित होने की सूचना मेडिकल हेल्पलाइन नंबर पर दे दी थी। वहीं, इस घटना पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर हर्षवर्धन ने दु:ख जताते हुए कहा कि इस मुश्किल घड़ी में हमें एक समाज के तौर पर एकजुट खड़े होने की जरूरत है। इस पर ही भारतीय समाज का भविष्य निर्भर करता है। 

युवक ने मेडिकल टीम को दी थी संदिग्ध मरीज की सूचना

युवक ने महाराष्ट्र से लौटे दो लोगों के कोरोना वायरस के संदिग्ध मरीज होने की सूचना मेडिकल टीम को दी थी। उसकी सूचना पर मेडिकल टीम गांव में पहुंची और दोनों युवक को जांच के लिए लेकर गई। जांच के बाद कोरोना वायरस की पुष्टि नहीं होने पर दोनों को छोड़ दिया गया।

सूचना देने वाले युवक को पीटकर गंभीर रूप से कर दिया घायल

घर पहुंचते ही दोनों ने अपने परिवार के बाकी लोगों के साथ मिलकर मेडिकल हेल्पलाइन टीम को सूचना देने वाले युवक को पीटकर गंभीर रूप से घायल कर दिया। जिसको रुन्नीसैदपुर पीएचसी मे भर्ती कराया गया, लेकिन इसकी गंभीर हालत को देख डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए मुजफ्फरपुर रेफर कर दिया।

अस्‍पताल ले जाते वक्‍त घायल की मौत

बुरी तरह घायल बबलू को रुन्नीसैदपुर के प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केंद्र में ले जाया गया, जहां उसकी हालत को नाजुक पाकर बेहतर इलाज के लिए मुजफ्फरपुर के श्रीकृष्‍ण मेडिकल कॉलेज एवं अस्‍पताल रेफर कर दिया गया। लेकिन मुजफ्फरपुर ले जाते वक्‍त रास्‍ते में ही उसकी मौत हो गई।

मामला दर्ज, सात गिरफ्तार

मृतक की पहचान बबलू कुमार के रूप में हुई है, मृतक के परिजनों के बयान पर मुजफ्फरपुर के अहियापुर थाने में पुलिस ने बयान दर्ज किया गया, जिसके बाद पोस्टमार्टम के बाद शव को उसके परिजनों के हवाले कर दिया गया। मृतक के भाई गुड्डू के बयान पर पुलिस ने गांव के ठगा महतो, सुधीर कुमार, विकास महतो, मदन महतो, दीपक कुमार और मुन्ना महतो को अभियुक्त बनाया है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सुधीर महतो और मुन्ना महतो सहित सात आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

एक समाज के तौर पर एकजुट खड़े होने की जरूरत है- हर्षवर्धन

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉक्टर हर्षवर्धन ने कहा कि बिहार में कोविड-19 के संदिग्धों की जानकारी देने वाले युवक की निर्मम हत्या की खबर बेहद दु:खद है। इस मुश्किल घड़ी में हमें एक समाज के तौर पर एकजुट खड़े होने की जरूरत है। इस पर ही भारतीय समाज का भविष्य निर्भर करता है। अपनी जिम्मेदारियों से पीछे न हटें।

 

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