Home देश सामान्य चुनाव आयोग ने योगी के 72 घंटे और मायावती के 48 घंटों तक चुनाव प्रचार पर लगाई रोक

चुनाव आयोग ने योगी के 72 घंटे और मायावती के 48 घंटों तक चुनाव प्रचार पर लगाई रोक

आउटलुक टीम - APR 15 , 2019
चुनाव आयोग ने योगी के 72 घंटे और मायावती के 48 घंटों तक चुनाव प्रचार पर लगाई रोक
चुनाव आयोग ने योगी के 72 घंटे और मायावती के 48 घंटों तक चुनाव प्रचार पर लगाई रोक
File Photo
आउटलुक टीम

चुनाव आयोग ने विवादित बयानों को लेकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती पर कड़ी कार्रवाई की है। मंगलवार सुबह 6 बजे से योगी आदित्यनाथ के 72 घंटे और और मायावती के 48 घंटे प्रचार करने पर रोक लगा दी है। इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने दोनों पर कोई एक्शन नहीं लिए जाने पर नाराजगी जताते हुए आयोग से एक्शन के बारे में जानकारी मांगी थी। इसके अलावा चुनाव आयोग ने विवादित बयानों को लेकर भाजपा नेता मेनका गांधी पर 48 घंटे और सपा नेता आजम खान पर 72 घंटे के चुनाव प्रचार पर बैन लगाया है।

मायावती ने 7 अप्रैल को अपने बयान में कहा था, 'कांग्रेस मानकर चल रही है हम जीतें या न जीतें लेकिन गठबंधन नहीं जीतना चाहिए, इसलिए कांग्रेस ने ऐसी जाति और ऐसे धर्मों के लोगों को खड़ा किया है जिससे भाजपा को फायदा पहुंचे। मैं मुस्लिम समाज के लोगों को कहना चाहती हूं कि आपको वोट बांटना नहीं है बल्कि एकतरफा वोट देकर गठबंधन को कामयाब बनाना है।' मायावती के इस बयान को लेकर चुनाव आयोग ने उनसे जवाब तलब किया था। अब आयोग ने कड़ी कार्रवाई करते हुए मायावती को अगले 48 घंटे तक प्रचार से रोक दिया है। 

वहीं, अली और बजरंगबली को लेकर एक चुनावी सभा में दिए गए बयान पर आयोग ने सीएम योगी आदित्यनाथ को नोटिस जारी किया था। अब इस मामले में आयोग ने योगी पर कड़ी कार्रवाई करते हुए 72 घंटे दिन तक प्रचार पर रोक लगा दी है।

सुप्रीम कोर्ट ने जताई थी नाराजगी

इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को चुनाव प्रचार के दौरान बसपा सुप्रीमो मायावती और यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा दिए गए कथित विवादित भाषणों पर चुनाव आयोग से पूछा है कि उनके खिलाफ क्या एक्शन लिया गया। चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पीठ ने मामले में आयोग के प्रतिनिधि को मंगलवार को कोर्ट में हाजिर होने के लिए कहा है। जाति और धर्म को लेकर राजनेताओं और पार्टी प्रवक्ताओं के आपत्तिजनक बयानों पर राजनीतिक पार्टियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई को लेकर जनहित याचिका दायर की गई थी। इस याचिका पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने सख्ती दिखाते हुए चुनाव आयोग से जवाब तलब किया है।  

सिर्फ एडवाइजरी जारी कर सकते हैः आयोग

चीफ जस्टिस ने चुनाव आयोग से पूछा, आपने इन नेताओ के खिलाफ क्या एक्शन लिया ? इस पर चुनाव आयोग ने जवाब दिया- हम सिर्फ एडवाइजरी जारी कर सकते हैं। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि चुनाव आयोग की निष्पक्षता और चुनाव प्रक्रिया पर नजर रखने के लिए वो चुनाव आयोग के अधिकार क्षेत्र को लेकर विचार करेगा।

अब आप हिंदी आउटलुक अपने मोबाइल पर भी पढ़ सकते हैं। डाउनलोड करें आउटलुक हिंदी एप गूगल प्ले स्टोर या एपल स्टोर से