Home अर्थ जगत नीतियां जानिए क्या है जीएसपी सुविधा जिसे भारत से वापस ले सकता है US, क्या होगा असर…

जानिए क्या है जीएसपी सुविधा जिसे भारत से वापस ले सकता है US, क्या होगा असर…

आउटलुक टीम - MAR 05 , 2019
जानिए क्या है जीएसपी सुविधा जिसे भारत से वापस ले सकता है US, क्या होगा असर…
जानिए क्या है जीएसपी सुविधा जिसे भारत से वापस ले सकता है US, क्या होगा असर…
आउटलुक टीम

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ये फैसला लिया है कि वह भारत का नाम उन देशों की सूची से बाहर कर देंगे, जो सामान्य कर-मुक्त प्रावधानों यानी जनरलाइज्ड सिस्टम ऑफ प्रेफरेंसेंज (जीएसपी) कार्यक्रम का लाभ उठा रहे हैं। यह लाभ उन उत्पादों पर उठाया जाता है जिनका निर्यात अमेरिका को किया जाता है। अमेरिका के कानून के अनुसार ये बदलाव अधिसूचना जारी होने के दो महीने बाद से लागू हो जाएगा।

ट्रंप का कहना है कि उन्होंने ये फैसला इसलिए लिया है क्योंकि भारत अब वैधानिक पात्रता मानदंडों का पालन नहीं कर रहा है। अमेरिका के जीएसपी कार्यक्रम में शामिल देशों को विशेष तरजीह दी जाती है। अमेरिका उन देशों से एक तय राशि के आयात पर शुल्क नहीं लेता। अब सवाल उठता है कि यह जीएसपी क्या है और इसके वापस होने से भारत पर क्या प्रभाव पड़ेगा।

क्या है जीएसपी

जेनरलाइज्ड सिस्टम ऑफ प्रेफरेंस (जीएसपी) अमेरिकी ट्रेड प्रोग्राम है जिसके तहत अमेरिका विकासशील देशों में आर्थिक तरक्की के लिए अपने यहां बिना टैक्स सामानों का आयात करता है। अमेरिका ने दुनिया के 129 देशों को यह सुविधा दी है जहां से 4800 प्रोडक्ट का आयात होता है। अमेरिका ने ट्रेड एक्ट 1974 के तहत 1 जनवरी 1976 को जीएसपी का गठन किया था।

क्यों यूएस वापस लेगा ये दर्जा? ये है दलील

ट्रंप का कहना है कि उन्होंने ये फैसला इसलिए लिया है क्योंकि उन्हें भारत से ये आश्वासन नहीं मिल पाया है कि वह अपने बाजार में अमेरिकी उत्पादों को बराबर की छूट देगा। उनका कहना है कि भारत में पाबंदियों की वजह से उसे व्यापारिक नुकसान हो रहा है। भारत जीएसपी के मापदंड पूरे करने में नाकाम रहा है। बीते साल अमेरिका ने अप्रैल में जीएसपी के लिए तय शर्तों की समीक्षा शुरू की थी।

क्या होगा असर?

अमेरिका के जीएसपी कार्यक्रम के लाभार्थी विकासशील देशों के उत्पादों पर अमेरिका में कोई आयात शुल्क नहीं लगता। इसके तहत भारत को 5.6 अरब डॉलर (40,000 करोड़ रुपए) के एक्सपोर्ट पर छूट मिलती है। जीएसपी से बाहर होने पर भारत को यह फायदा नहीं मिलेगा। भारत जीएसपी का सबसे बड़ा लाभार्थी देश है। भारत में ठीक आम चुनाव से पहले ट्रंप का यह निर्णय सामने आया है। ऐसे चुनावी माहौल में देश की आर्थिक प्रगति की चिंता सता सकती है। हालांकि वाणिज्य सचिव अनूप वधावन ने कहा है कि अमेरिका के साथ हमारे रिश्ते मजबूत हैं। व्यापार से जुड़े मुद्दों पर हम वार्ता कर रहे हैं। लेकिन मेडिकल उपकरणों के मामले में समझौता नहीं करेंगे। जीएसपी के फायदों का आर्थिक मूल्य बहुत ज्यादा नहीं है। अमेरिका से बातचीत जारी रखेंगे।

अब आप हिंदी आउटलुक अपने मोबाइल पर भी पढ़ सकते हैं। डाउनलोड करें आउटलुक हिंदी एप गूगल प्ले स्टोर या एपल स्टोर से