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कला-संस्कृति

शहरनामा/लखनऊ: दुरुस्त शीन काफ और तहजीब वाला शहर

“दुरुस्त शीन काफ और तहजीब वाला शहर” शीन काफ से दुरुस्त आज भी मैं उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ को शीन...

यादें: 'किताबें बहुत-सी पढ़ी' पर मिलना ज्ञान बरास्ते आर्केस्ट्रा वाला नाच

(डिस्क्लेमर : यह किस्सा नब्बे के दौर का एक जरूरी सच है। हम सबने सिनेमा और संगीत बदलते देखा, अन्य...

यादें: सिंसियर लड़का, ब्रूटस मामा और 'दिल तो पागल है' से 'इसे समझो ना रेशम' का सफर

मन का क्या है, किसी भी मौसम में मचल सकता है । दिल का क्या है बेवजह भी गुलाटियां भर सकता है। पंकज का मन...

शहरनामा/देवास: आध्यात्मिक और लोकसंगीत की संगत वाला शहर

“आध्यात्मिक और लोकसंगीत की संगत वाला शहर” मां चामुण्डा की नगरी हर शहर का अपना मिजाज होता है, अपनी...

सिर्फ तुम, दरबार सिनेमा और खाली दिल नहीं जान वी ये मंगदा

देखने में तो नहीं लगता है, पर सच यही है कि बड़ी मौसी के सबसे छोटे लड़के सुनील भैया मुझसे छह माह बड़े हैं।...

भिखारी ठाकुर: भोजपुरी के शेक्सपियर, नाटककार, गीतकार, अभिनेता, लोकनर्तक, लोकगायक, सामाजिक कार्यकर्ता

‘सइयां गइले कलकतवा ए सजनी, गोड़वा में जूता नइखे, हाथवा में छातवा ए सजनी, सइयां कइसे चलिहें राहातवा ए...

यादें: दो बाँके, एक फिल्म और जूही चावला की "मैं तेरी रानी तू राजा मेरा"

डिस्केलमर : ग्लोब के किसी हिस्से में नब्बे के दो दीवाने हुए। दो असल गंजहे। पर कानूनन यही कहना है कि इस...

जयंती विशेष: जौन एलिया ऐसा शायर जिसे इल्म ने मारा लेकिन, मलाल नहीं किया

मकदूनिया को प्रसिद्धि मिली सिकंदर की जन्मभूमि होने से वहीं अमरोहा को प्रसिद्धि दिलाने में जौन एलिया...

एवन साइकिल वाली लड़की, 'रंग' की चिट्ठी और बेदर्दी से प्यार का...

नाम जानकर क्या कीजिएगा पर यह जरूर जानिए कि लड़कों से ठस्स भरे हुए स्कूल में वह जिस ताव और तेवर के साथ रहती...

स्मृति: कथा साहित्य का मजबूत स्तंभ

“लेखिका मन्नू भंडारी का अपना विशिष्ट स्थान रहा है” मन्नू भंडारी (3 अप्रैल 1931-15 नवंबर 2021) हिंदी की...

सीताचरित्र: पढ़ें जानकी-राम विवाह पर एक और प्रसंग

आज विवाहपंचमी है। जानकी-राम के विवाह का दिन। सीताराम विवाह के एक अलग प्रसंग से गुजरा। 'सीताचरित्र'...

यादें : दिलवाले और दिलवाले के आशिक की 'पूस की रात'

'जीता था जिसके लिए' की जनव्याप्ति उन दिनों चालीसा से थोड़ा ही कम थी। एक ओर हमारे गाँव के मंदिर से सुबह में...

यादें: "खता तो जब हो हम हाल-ए-दिल"-दिव्या भारती के लिए उपवास और दोस्ती में दरार

उसके मामा की एक ड्राईक्लीनिंग शॉप, सिनेमा रोड में थी। इंटर कॉलेज से जो समय बचता, वह वहीं पर बिताता। उसका...

शहरनामा / बलिया: पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर और क्रांतिकारी मंगल पांडे का बलिया

“पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर और क्रांतिकारी मंगल पांडे का बलिया” मंगल पांडे से चंद्रशेखर तक देश...