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मिसिंग पर्सन पुस्तक हिंदी में

मिसिंग पर्सन पुस्तक हिंदी में

हर व्यक्ति का अपना एक अतीत होता है। बल्कि कहना गलत न होगा कि हमारा वर्तमान हमारे अतीत की नींव पर टिका होता है। ऐसे में अगर हमारे भीतर से अतीत विस्मृत हो जाए तो हमारा पूरा वजूद डावांडोल होने लगता है। हम अपनी पहचान के संकट से आक्रांत हो उठते हैं। ऐसे में किसी संवेदनशील व्यक्ति का अपने अतीत की तहों में उतरकर स्मृतियों के रेशे तलाशना स्वाभाविक है।
दिल्‍ली की टीना डाबी ने यूपीएससी में किया टॉप

दिल्‍ली की टीना डाबी ने यूपीएससी में किया टॉप

सिविल सेवा परीक्षा यूपीएससी का रिजल्‍ट घोषित हो गया है। दिल्‍ली की छात्रा और लेडी श्रीराम कालेज से स्‍नातक टीना डाबी ने टॉप किया है। वहीं जम्‍मू-कश्‍मीर के छात्र अतहर आमिर उल शफी खान दूसरे नंबर पर हैं। दिल्‍ली के ही जसमीत संधू को तीसरी रैंक मिली है।
संयुक्‍त राष्‍ट्र में भारत ने कहा, आतंक पर वैश्विक सहयोग जरूरी

संयुक्‍त राष्‍ट्र में भारत ने कहा, आतंक पर वैश्विक सहयोग जरूरी

आतंकवाद के बढ़ते खतरे से उपजी चुनौती को भयावह करार देते हुए भारत ने संयुक्त राष्ट्र से अपील की है कि वह इस अभिशाप से निपटने के लिए और अधिक प्रयास करे। इसके साथ ही भारत ने इस बात पर जोर दिया है कि आतंकवाद को बिल्कुल बर्दाश्त न करने के लिए वास्तविक एवं प्रभावी वैश्विक सहयोग जरूरी है।
पाशा ने कहा, मुंबई हमले में हम शामिल थे पर हमारा नहीं था यह मिशन

पाशा ने कहा, मुंबई हमले में हम शामिल थे पर हमारा नहीं था यह मिशन

पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के पूर्व प्रमुख शुजा पाशा ने माना है कि 2008 मुंबई हमले में उनके लोग शामिल थे। अमेरिका में पाकिस्तान के तत्कालीन राजदूत हुसैन हक्कानी ने अपनी किताब इंडिया वर्सेस पाकिस्तान में इस बात का दावा किया है।
रियो ओलंपिक के लिए अब तक का सबसे बड़ा दल भेजेगा भारत

रियो ओलंपिक के लिए अब तक का सबसे बड़ा दल भेजेगा भारत

सरकार ने आज बताया कि रियो ओलंपिक के लिए भारत का अब तक का सबसे बड़ा दल जाएगा जिसके वास्ते अब तक 90 खिलाड़ी इसमें हिस्सा लेने की पात्रता हासिल कर चुके हैं। रियो ओलंपिक पांच अगस्त से शुरू होने वाला है।
देश का नक्‍शा गलत दिखाया तो सात साल की जेल और 100 करोड़ का जुर्माना

देश का नक्‍शा गलत दिखाया तो सात साल की जेल और 100 करोड़ का जुर्माना

गलत नक्‍शा दिखाने वाले हो जाएं सावधान, अगर आप देश का गलत नक्शा दिखाएंगे तो आपको सात साल तक की जेल हो सकती है। 100 करोड़ रुपए का जुर्माना भी लग सकता है।
भारत के बाद दुनिया से भी गायब हो रहे चीते

भारत के बाद दुनिया से भी गायब हो रहे चीते

भारत समेत दुनियाभर के शोधकर्ताओं का मानना है कि जंगलों में चीतों की जो संख्या बताई जा रही है वह बस अनुमान मात्र है और आशंका है कि धरती पर सबसे तेज दौड़ने वाला यह स्तनपायी प्राणी लुप्त होने के कगार पर है।
9 मई को बुध ग्रह आएगा धरती करीब, पर नंगी आंखों से न देखें

9 मई को बुध ग्रह आएगा धरती करीब, पर नंगी आंखों से न देखें

एतिहासिक है सूरज और धरती के बीच छोटे से बुध ग्रह का आना और पांच घंटे पर बने रहना, वैज्ञानिक इस परिघटना के अध्ययन में जुटे, सूरज की छवि को एक शीट पर रिफलेक्ट करके ही देखने की सलाह
जीवन के आयामों का आइना पॉल की तीर्थयात्रा

जीवन के आयामों का आइना पॉल की तीर्थयात्रा

तरक्की के इस दौर में, सभ्यता और आधुनिकता के बीच तालमेल बनाने की होड़ मची हुई है। इस दौर में परिवारों का ढांचा भी बदल गया है। संयुक्त परिवारों की जटिलताओं के दौर से निकलने के बाद तरक्की पसंद लोगों ने एकल परिवार की नई परिकल्पना संसार को दी थी।
पानी के लिए त्राहिमाम

पानी के लिए त्राहिमाम

देश पानी के भीषण संकट से गुजर रहा है। मराठवाड़ा के हालात पर हर दिन चर्चा हो रही है। सुरक्षा बल के साथ वहां पानी की ट्रेन भेजी गई और कई लोग पूरे दिन में सिर्फ एक गिलास पानी पर रहने को मजबूर हैं। उत्तर प्रदेश में पानी हर साल संकट और तबाही का कारण बनता रहा है। किसी साल बाढ़ तो किसी साल सूखे की त्रासदी झेलने को मजबूर उार प्रदेश में गर्मी का मौसम शुरू होते ही 50 जिले सूखे की चपेट में आ गए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि पिछले दो दशकों में कभी भी मार्च के अंत और अप्रैल के शुरुआती सप्ताह में ऐसे विकराल रूप में सूखा नहीं पड़ा। उत्तर प्रदेश के राहत आयुक्त की मानें तो राज्य के पचास जिलों को सूखाग्रस्त घोषित किया जा चुका है। ऐसे 21 जिले हैं जिसमें किसानों को 33 प्रतिशत फसल का नुकसान हुआ है। जहां तक सूखा पीड़ित क्षेत्रों के किसानों को सरकारी मदद का सवाल है, यह मदद उन्हीं किसानों को दी जाएगी जिनकी 33 प्रतिशत से अधिक फसल नष्ट हुई है। अभी मई और जून की भीषण गर्मी के दिनों में और भी जिलों के सूखा प्रभावित होने आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। पूर्वी उत्तर प्रदेश के चार मंडलों के बीच जिलों में पानी के स्रोत सूख चुके हैं। आंकड़ों के अनुसार सबसे खतरनाक स्थिति भूगर्भ जल स्तर के औसतन छह से नौ फुट तक नीचे जाने के कारण उत्पन्न हुई है। इन जिलों के डेढ़ हजार से अधिक कुओं का जलस्तर न्यूनतम होने के कारण कुएं सूख गए हैं। 80 प्रतिशत से अधिक हैंडपंप सूख चुके हैं।
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