Home एग्रीकल्चर इंटरनेशनल कपास का आयात 93 फीसदी बढ़ा, निर्यात में 36 फीसदी की आई कमी-उद्योग
कपास का आयात 93 फीसदी बढ़ा, निर्यात में 36 फीसदी की आई कमी-उद्योग
कपास का आयात 93 फीसदी बढ़ा, निर्यात में 36 फीसदी की आई कमी-उद्योग

कपास का आयात 93 फीसदी बढ़ा, निर्यात में 36 फीसदी की आई कमी-उद्योग

केंद्र सरकार एग्री उत्पादों के निर्यात को बढ़ा कर किसानों की आय दोगुनी करना चाहती है लेकिन चालू फसल सीजन में कपास के आयात में जहां 93.33 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है वहीं निर्यात में 36.23 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई।

कॉटन एसोसिएशन आफ इंडिया (सीएआई) के अनुसार विश्व बाजार में कपास के दाम कम थे, जबकि घरेलू बाजार में कीमतें उंची रही। जिस कारण चालू फसल सीजन 2018-19 में कपास का आयात बढ़कर 29 लाख गांठ (एक गांठ-170 किलोग्राम) का हो चुका है जबकि पिछले फसल सीजन में इसका आयात केवल 15 लाख गांठ का ही हुआ था। इस दौरान कपास का निर्यात घटकर 44 लाख गांठ का ही हुआ है जबकि पिछले फसल सीजन में 69 लाख गांठ कपास का निर्यात हुआ था। कॉटन एडवाईजरी बोर्ड (सीएबी) ने चालू फसल सीजन में कपास के निर्यात का लक्ष्य 50 लाख गांठ का तय किया था।

उत्पादन में 14.52 फीसदी कमी का अनुमान

सीएआई के अनुसार फसल सीजन 2018-19 में देश में कपास का उत्पादन घटकर 312 लाख गांठ का ही हुआ है जोकि पिछले साल के 365 लाख गांठ की तुलना में 14.52 फीसदी कम है। उत्पादन में आई कमी के कारण पहली अक्टूबर 2019 से शुरू होने वाले नए सीजन में कपास का बकाया स्टॉक भी घटकर 15 लाख गांठ का ही बचने का अनुमान है जबकि पिछले साल नए सीजन के आरंभ में 28 लाख गांठ कपास का बकाया स्टॉक था। पहली अक्टूबर 2018 से शुरू हुए चालू फसल सीजन में 31 अगस्त तक उत्पादक मंडियों में 307.02 लाख गांठ कपास की आवक हो चुकी है। प्रमुख उत्पादक राज्य गुजरात, महाराष्ट्र और तेलंगाना में कपास का उत्पादन फसल सीजन 2018-19 में घटकर क्रमश: 87.50 लाख गांठ, 70.25 लाख गांठ और 35.50 लाख गांठ का ही हुआ, जबकि पिछले साल इन राज्यों में उत्पादन क्रमश: 105 लाख गांठ, 83 लाख गांठ का और 51.50 लाख गांठ का हुआ था।

बुआई में हुई है बढ़ोतरी

कृषि मंत्रालय के अनुसार चालू खरीफ सीजन में कपास की बुआई बढ़कर 125.85 लाख हेक्टेयर में हो चुकी है जबकि पिछले साल इस समय तक 118.09 लाख हेक्टेयर में ही बुआई हो पाई थी। महाराष्ट्र में कपास की बुआई चालू खरीफ में बढ़कर 43.76 लाख हेक्टेयर में हुई है जबकि पिछले साल इस समय तक राज्य में केवल 41.02 लाख हेक्टेयर में ही बुआई हो पाई थी। इसी तरह से तेलंगाना में कपास की बुआई पिछले साल के 17.79 लाख हेक्टेयर से बढ़कर 18.12 लाख हेक्टेयर में हो चुकी है। हालांकि गुजरात में कपास की बुआई पिछले साल के 26.90 लाख हेक्टेयर की तुलना में 26.45 लाख हेक्टेयर में ही हुई है।