Home एग्रीकल्चर एग्री ट्रेड प्याज के दाम 120 रुपये के पार, सरकार मूकदर्शक : माकपा सांसद
प्याज के दाम 120 रुपये के पार, सरकार मूकदर्शक : माकपा सांसद
प्याज के दाम 120 रुपये के पार, सरकार मूकदर्शक : माकपा सांसद

प्याज के दाम 120 रुपये के पार, सरकार मूकदर्शक : माकपा सांसद

देश के कई हिस्सों में प्याज की कीमतें बढ़कर 120 रुपये प्रति किलो के पार चली गई हैं, लेकिन केंद्र सरकार मूकदर्शक बनी हुई है। राज्य सभा में माकपा सांसद केके रागेश ने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि प्याज की कीमतों में आई तेजी का जमाखोर फायदा उठा रहे हैं।

उन्होंने एक सरकारी ब्यान का हवाला देते हुए कहा कि भंडारण के अभाव में 32,000 टन प्याज गोदामों में सड़ गया, अगर इसका समय पर आवंटन होता तो कीमतों में कमी आती? उन्होंने कहा कि सरकार को पता है कि अक्टूबर-नवंबर में प्याज के दाम अकसर बढ़ जाते हैं तो फिर क्यों नहीं इस स्थिति से निपटने के लिए कदम उठाए?

उत्पादक मंडियों में थोक में प्याज हुआ 100 रुपये के पार

राष्ट्रीय बागवानी अनुसंधान एवं विकास प्रतिष्ठान (एनएचआरडीएफ) के अनुसार महाराष्ट्र की कई मंडियों में प्याज के थोक दाम ही 100 रुपये प्रति किलो से उपर चले गए हैं। दो दिसंबर को महाराष्ट्र की सताना मंडी में प्याज के दाम थोक में 123.05 रुपये प्रति किलो हो गए जबकि पीपलगांव मंडी में उंचे में 113 रुपये, कर्नाटक की रायचूर मंडी में 104 रुपये और महाराष्ट्र की कोल्हापुर और धुलिया मंडियों में क्रमश 100-100 रुपये किलो प्याज बिका। न्यूज एजेंसी एएनआई के अनुसार भोपाल में प्याज के खुदरा दाम बढ़कर 100 से 125 रुपये प्रति किलो हो गए हैं। प्याज की कीमतों में आई भारी तेजी से निम्न वर्ग के लोगों के लिए प्याज खरीदना मुश्किल हो गया है। उपभोक्ता मामले मंत्रालय के अनुसार मंगलवार को खुदरा में प्याज के दाम चंडीगढ़ में 100 रुपये, हरिद्वार में 95 रुपये और देहरादून में भी 95 रुपये प्रति किलो हो गए।

कैबिनेट सचिव ने प्याज उत्पादक राज्यों से ली जानकारी

प्याज की आसमान छूती कीमतों को लेकर कैबिनेट सचिव राजीव गौबा ने भी सोमवार को सचिवों की समिति के बैठक बुलाई थी। बैठक में प्याज उत्पादन करने वाले 11 प्रमुख राज्यों के मुख्य सचिवों ने विडियो कान्फ्रेंसिंग के जरिये कैबिनेट सचिव को प्याज की बढ़ती कीमतों पर नियंत्रण के लिए राज्यों द्वारा किए जा रहे उपायों की जानकारी दी थी। जानकारों का कहना है कि पुराना स्टॉक लगभग खत्म होने को है और जनवरी में गुजरात और नासिक से प्याज की नई फसल आने के बाद ही प्याज की कीमतों से राहत मिल सकती है। दिल्ली में फिलहाल राजस्थान के अलवर से प्याज की आवक हो रही है।

तुर्की और मिस्र से एमएमटीसी कर रही है आयात

सरकार ने तुर्की से 11 हजार मीट्रिक टन प्याज आयात का फैसला किया है। अपभोक्ता मामलों के मंत्रालय ने इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि एमएमटीसी ने 11 हजार टन प्याज के आयात का ऑर्डर दे दिया है। तुर्की से आने वाला प्याज भी लोगों को जल्द राहत नहीं देने वाला क्योंकि यह दिसंबर अंत या जनवरी की शुरुआत तक ही भारत पहुंच पाएगा। सरकार ने मिस्र भी 6,090 एमटी प्याज मंगाया है, जो दिसंबर के मध्य तक भारत पहुंचेगा।