Home एग्रीकल्चर एग्री ट्रेड मक्का की नई फसल की आवक से पहले ही कीमतें 10 फीसदी घटी, किसान चिंतित
मक्का की नई फसल की आवक से पहले ही कीमतें 10 फीसदी घटी, किसान चिंतित
मक्का की नई फसल की आवक से पहले ही कीमतें 10 फीसदी घटी, किसान चिंतित

मक्का की नई फसल की आवक से पहले ही कीमतें 10 फीसदी घटी, किसान चिंतित

रबी सीजन में मक्का की नई फसल की आवक चालू महीने के आखिर तक शुरू होगी, जबकि अप्रैल में आवकों का दबाव बनेगा। सप्ताहभर में मक्का की कीमतों में 200 से 250 रुपये प्रति क्विंटल की गिरावट आ चुकी है, तथा आगे भाव में और मंदा आने का अनुमान है जिससे मक्का किसानों की चिंता बढ़ गई है।

बिहार के भागलपुर जिला की नौगछिया तहसील के मक्का किसान पवन कुमार ने बताया कि उन्होंने दो एकड़ में मक्का की फसल की बुवाई कर रखी है। नई फसल की कटाई मार्च के आखिर तक बन जायेगी, जबकि मक्का की कीमतों में अभी से मंदा आना शुरू हो गया है। उन्होंने बताया कि फरवरी में नौगछिया अनाज मंडी में मक्का के भाव 2,100 रुपये प्रति क्विंटल थे जोकि घटकर 1,850 से 1,900 रुपये प्रति क्विंटल रह गए हैं।

दिल्ली के मक्का कारोबारी कमलेश कुमार जैन ने बताया कि मक्का कीमतों में 200 से 250 रुपये प्रति क्विंटल का मंदा आ चुकी है। दिल्ली में मक्का के भाव घटकर 2,075 से 2,100 रुपये प्रति क्विंटल रह गए हैं जबकि सप्ताहभर पहले इसके भाव 2,300 से 2,325 रुपये प्रति क्विंटल थे। उनहोंने बताया कि मक्का की आवक इस समय मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा से रही है जबकि बिहार से मक्का की नई फसल की आवक अप्रैल में बनेगी। अत: आगे मक्का की कीमतों में और भी 200 से 300 रुपये प्रति क्विंटल की गिरावट आने का अनुमान है।

कीमतों में और मंदा आने का अनुमान

मुंबई के मक्का आयातक दलीप काबरा ने बताया कि घरेलू बाजार में मक्का की कीमतों में आई गिरावट बनी हुई है जिस कारण आयात सौदे नहीं हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि चालू सीजन में मक्का की बुवाई में कमी आई है, लेकिन नई फसल की आवक बढ़ने पर भाव में और भी गिरावट आने का अनुमान है। केंद्र सरकार ने खरीफ विपणन सीजन 2018-19 के लिए मक्का का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) 1,700 रुपये प्रति क्विंटल तय कर रखा है। रबी में मक्का का उत्पादन मुख्यत: बिहार, आंध्रप्रदेश, तेलंगाना, महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल में ज्यादा होता है।

रबी में मक्का की बुवाई कम

कृषि मंत्रालय के अनुसार चालू रबी में मक्का की बुवाई घटकर 15.55 लाख हेक्टेयर में ही हुई है जबकि पिछले साल रबी में इसकी बुवाई 17.28 लाख हेक्टेयर में हुई थी। प्रमुख उत्पादक राज्य बिहार में मक्का की बुवाई पिछले साल के 4.70 लाख हेक्टेयर से बढ़कर 4.75 लाख हेक्टेयर में हुई है। अन्य राज्यों में आंध्रप्रदेश में 1.59 लाख हेक्टेयर में, महाराष्ट्र में 1.16 लाख हेक्टेयर में, तमिलनाडु में 2.17 लाख हेक्टेयर में और तेलंगाना 1.15 लाख हेक्टेयर में तथा पश्चिम बंगाल में 1.17 लाख हेक्टेयर में बुवाई हुई है।

मक्का का उत्पादन रबी में घटने का अनुमान

मंत्रालय के दूसरे अग्रिम अनुमान के अनुसार फसल सीजन 2018-19 में रबी सीजन में मक्का का उत्पादन 75.8 लाख टन होने का अनुमान है जबकि पिछले साल रबी में इसका उत्पादन 76.3 लाख टन का उत्पादन हुआ था। खरीफ और रबी में मक्का का कुल उत्पादन चालू फसल सीजन में 278 लाख टन होने का अनुमान है जोकि पिछले साल के 271.4 लाख टन का उत्पादन हुआ था।