Home एग्रीकल्चर एग्री बिजनेस कई राज्यों में बारिश और बाढ़ से सब्जियों को नुकसान, इससे कीमतों में आई तेजी
कई राज्यों में बारिश और बाढ़ से सब्जियों को नुकसान, इससे कीमतों में आई तेजी
कई राज्यों में बारिश और बाढ़ से सब्जियों को नुकसान, इससे कीमतों में आई तेजी

कई राज्यों में बारिश और बाढ़ से सब्जियों को नुकसान, इससे कीमतों में आई तेजी

देश के कई राज्यों में सितंबर-अक्टूबर में सामान्य से ज्यादा बारिश एवं बाढ़ से सब्जियों की फसलों को भारी नुकसान हुआ है। इस कारण सब्जी उगाने वाले किसानों को तो घाटा हुआ ही हैउपभोक्ताओं को भी सब्जियों के उंचे दाम चुकाने पड़ रहे हैं। दिल्ली की आजादपुर मंडी में फूल गोभी के भाव बढ़कर 40 से 50 रुपयेमटर के 70 से 80 रुपयेबींस के 70 से 80 रुपये और टमाटर के भाव 40 से 50 रुपये प्रति किलो हो गए हैं। टमाटर के भाव तो 15 दिनों में दोगुने हो गए हैं।

पोटेटो ऑनियन मर्चेंट एसोसिएशन (पोमा) के अध्यक्ष त्रिलोकचंद शर्मा ने बताया कि सितंबर और अक्टूबर में कई राज्यों में हुई भारी बारिश और बाढ़ से सब्जियों की फसलों को नुकसान हुआ हैजिस कारण दैनिक आवक कम हो रही है। उन्होंने बताया कि आलूप्याज के साथ ही टमाटरफूलगोभीपरवल और हरी मिर्च की कीमतें भी तेज बनी हुई हैं। मंडी में उत्तर प्रदेश के आगरा और संभल से 75 से 80 गाड़ियों की आलू की आवक हो रही है। मंडी में आलू का भाव 200 से 500 रुपये प्रति 50 किलो है। नया आलू पंजाब और हिमाचल से नवंबर में आयेगाउसके बाद ही कीमतों में नरमी आने का अनुमान है।

राजस्थान की फसल की आवक बढ़ने पर घटेंगे प्याज के दाम

आजादपुर मंडी के प्याज कारोबारी पीएम शर्मा ने बताया कि अक्टूबर में प्याज की नई फसल राजस्थान के अलवरभरतपुर और खैरथल से शुरू हो जाती है लेकिन इस बार इन क्षेत्रों में ज्यादा बारिश से फसल को नुकसान हुआ है। उधर कर्नाटक और महाराष्ट्र में भी फसल को नुकसान हुआ। इसीलिए प्याज की दैनिक आवक केवल 55 से 60 गाड़ियों की हो रही है। मंडी में प्याज के भाव 25 से 40 रुपये प्रति किलो हैं। कर्नाटकआंध्रप्रदेश और महाराष्ट्र से नए प्याज की आवक तो शुरू हो गई हैलेकिन परिवहन लागत ज्यादा आ रही हैऐसे में आगे राजस्थान की फसल दीपावली के बाद आने के बाद ही कीमतों में गिरावट आएगी। 

फूलगोभी के भाव रिकॉर्ड पर, 15 दिनों में टमाटर के भाव दोगुने हुए

सब्जी व्यापारी बलबीर सिंह ने बताया कि उत्तर प्रदेशबिहार और नासिक में अगेती फूलगोभी को बारिश और बाढ़ से नुकसान हुआ है, जिस कारण दैनिक आवक कम हो रही है। उन्होंने बताया कि गुरुवार को मंडी में फूलगोभी के भाव बढ़कर 40 से 50 रुपये प्रति किलो हो गए, जो अभी तक के रिकार्ड भाव हैं। इसी तरह मटर के भाव 70 से 80 रुपये और बींस के भाव भी 70 से 80 रुपये प्रति किलो हो गए हैं। मटर और बींस की आवक हिमाचल से हो रही है। वहां भी हाल ही में हुई ज्यादा बारिश से फसलों को नुकसान हुआ है। उन्होंने बताया कि टमाटर के भाव मंडी में 1,000 से 1,200 रुपये प्रति पेटी (एक पेटी-25 किलो) हो गएतथा पिछले पंद्रह दिनों में ही इसकी कीमतें दोगुनी हो गई हैं । 

अक्टूबर में कई राज्यों में हुई है सामान्य से ज्यादा बारिश

मौसम विभाग के अनुसार अक्टूबर में हिमाचल प्रदेश में सामान्य से 91 फीसदीउत्तराखंड में 113 फसीदीपंजाब में 131 फीसदी और राजस्थान में 398 फीसदी ज्यादा बारिश हुई है। इसके अलावा गुजरात में 399 फीसदी तथा मध्य प्रदेश में 64 फीसदी बारिश सामान्य से ज्यादा दर्ज की गई।

सब्जियों के उत्पादन अनुमान में मामूली बढ़ोतरी

कृषि मंत्रालय के अनुसार देश में प्याज का उत्पादन फसल सीजन 2018-19 में 23.28 मिलियन टन पर स्थिर रहने का अनुमान है। वहीं आलू का उत्पादन 3.4 फीसदी बढ़त के साथ 53.03 मिलियन टन रह सकता है। उटमाटर के उत्पादन में कमी देखी जा रही है। इसका उत्पादन 1.8 फीसदी गिरावट के साथ 19.39 मिलियन टन रहने का अनुमान है। सब्जियों का उत्पादन 185.88 मिलियन टन होने का अनुमान हैजो पिछले साल से मामूली अधिक है। पिछले साल यह 184.39 मिलियन टन सब्जियों का उत्पादन हुआ था।