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सपा में कलह के बाद भी भाजपा को यूपी का सिंहासन मिलना मुश्किल

JAN 04 , 2017
यूपी असेंबली इलेक्शन-2017 के लिए सीएसडीएस और एबीपी न्यूज ने ओपियन पोल जारी किया है। नोटबंदी और सपा में झगड़े के दौरान 5 से 17 दिसंबर के बीच 65 विधानसभा क्षेत्रों में 5000 से ज्यादा लोगों से राय ली गई। इसके मुताबिक सपा में कलह के बाद भी यूपी में भाजपा के जीतने के आसार कम ही है। मुख्‍यमंत्री अखिलेश यादव का जनता के बीच दबदबा बरकरार है।

यूपी के करीब 28 फीसदी लोगों का कहना है कि वे अगले सीएम के रूप में अखिलेश यादव को ही देखना चाहते हैं। 34% लोग अखिलेश और 32% लोग नरेंद्र मोदी के काम से संतुष्ट हैं। अखिलेश के बाद मायावती सीएम की दूसरी पसंद हैं। 

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अखिलेश 83% समर्थन के साथ सूबे के सबसे लोकप्रिय नेता हैं।  मुलायम को 6% लोगों ने पसंद किया है। 37% लोगों ने कहा अखिलेश दोबारा सीएम बने।  मुलायम को 33% लोेग सीएम के रुप में पसंद करते हैं।  सपा के वोटर्स में 83% की पसंद अखिलेश यादव हैं। 

यूपी के सीएम की पहली पसंद कौन? इस पर अखिलेश सबसे आगे (28%), मायावती (21%), महंत आदित्यनाथ (4%), मुलायम (3%) है। 

45% ने माना अखिलेश की सरकार मायावती से अच्छी है। सपा में झगड़े का जिम्मेदार कौन? इस पर शिवपाल को 25%, अखिलेश को 6% लोग जिम्‍मेदार माना। 54% मुस्लिम वोटर सपा के साथ है। 75% यादव वोटर सपा के साथ है। 55% सवर्ण वोटर भाजपा के साथ हैंं। 74% जाटव वोटर बीएसपी के साथ हैं। 56% कुल दलित वोटर बीएसपी के साथ हैं।

अगर अभी चुनाव हुए तो सपा को 141 से 151, भाजपा को 129 से 139, बसपा को  93 से 103 तथा कांग्रेस को 13 से 19 सीटें मिलेंगी।


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