Advertisement
मैगज़ीन डिटेल

सिंहासन से संन्यासी का शंखनाद

उत्तर प्रदेश ही नहीं, राष्ट्रीय राजनीतिक सामाजिक परिवेश में बदलाव का नया दौर

अरबों के साम्राज्य के योगी

कई अस्पताल, शिक्षा और धार्मिक संस्थाओं के अध्यक्ष हैं आदित्यनाथ

योगी के दरबार में रीते पश्चिम के हाथ

केवल 12 मंत्री ही पा सके हैं उत्तर प्रदेश मंत्रिमंडल में जगह, पंकज को भी नहीं मिला कैबिनेट में स्थान

प्रयोगधर्मी संगीत के उस्ताद

रघुनाथ सेठ संगीत में प्रयोग पसंद करते थे। चाहे एकल गायक की आवाज को कोरस में बदलना हो या कुछ और

जीवेत शरद: शतम

सार-समाचार

एक प्रतिष्ठित संरचना का ध्वंस होना

प्रगति मैदान की इमारतों का टूटना शुरू हो गया है और इसके साथ ही 90 के दशक में तैयार भारतीय वास्तुकला की शान भी जमींदोज होने को है

चढ़ रहा है चुनावी सर्वे का बाजार

भारत में सर्वे का अर्थ चुनावों के दौरान होने वाले सर्वेक्षणों से ही लगाया जाता है जबकि यह इस पूरी इंडस्ट्री का महज छोटा सा हिस्सा है

सपने नौकरी के: कितना खतरनाक होगा उनका मर जाना

ऑल इंडिया काउंसिल फॉर टेञ्चिनकल एजुकेशन के अनुसार हर साल देश के तकनीकी संस्थानों से पढ़ कर 8 लाख इंजीनियर निकल रहे हैं। लेकिन उनमें से 60 प्रतिशत को रोजगार नहीं मिल पा रहा

करोड़पतियों की विधानसभा

यूपी में पिछली विधानसभा के मुकाबले 2.56 करोड़ रुपये बढ़ गई है विधायकों की औसत संपत्ति, करोड़पतियों की संख्या 322 पहुंची

आगे की कठिन होती राह

पंजाब और गोवा में हार से आप कार्यकर्ताओं का उत्साह ठंडा, पंजाब के विधायकों को केंद्रीय नेतृत्व पर भरोसा नहीं

हार के बाद मची रार

पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं ने नेतृत्व परिवर्तन को लेकर उठाई मांग

बातचीत से सुलझेगा सदियों का झगड़ा?

सुप्रीम कोर्ट ने राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद विवाद के हल के लिए दिया है दोनों पक्षों को बातचीत करने का सुझाव

विनिवेश का सही समय

बाजार लगातार बढ़ रहा है, लेकिन क्या सरकार अपनी मूल्यवान संपत्तियां बेच पाएगी

सेहत के अधिकार की ओर

राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति, 2017 से होगा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों का कायाकल्प और सबको मिलेगी उत्कृष्ट स्वास्थ्य सेवा

सिंधु जल समझौते का पुनरावलोकन जरूरी

प्रधानमंत्री मोदी ने भी पंजाब में प्रचार के दौरान इस मुद्दे को उठाया

नारे ठीक लेकिन विकास की राह पथरीली

मुख्यमंत्री योगी का विजय जयघोष भले लुभावना लगे, मगर हर चमकीली चीज सोना नहीं होती

अस्पृश्य विचारधारा के उदय से खलबली

आजादी के बाद से ही एक विशिष्ट विचारधारा का देश में दबदबा रहा और अब यह टूट रहा है

भाजपा के विकास का मुखौटा हैं योगी

उग्र हिंदुत्व फैलाना ही है उप्र के सीएम का असली चेहरा, वे चलाते हैं निजी फौज

Advertisement
Advertisement
Advertisement